100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जागरूकता एवं संगोष्ठी कार्यक्रम आयोजित
ग्वालियर, 25 फरवरी 2026 महिला बाल विकास विभाग ग्वालियर एवं सेंटर फॉर इंटीग्रेटेड डेवलपमेंट के संयुक्त तत्वाधान में संचालित 100 दिवसीय बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत जिले में लगातार जागरूकता गतिविधियां संचालित की जा रही हैं।
उल्लेखनीय है कि ग्वालियर कलेक्टर के निर्देशन में तथा महिला एवं बाल विकास विभाग के निर्देशानुसार जिले की सभी ग्राम पंचायतों में बाल विवाह मुक्त ग्राम पंचायत बनाने हेतु विशेष अभियान चलाया जा रहा है। संबंधित पत्र के माध्यम से ग्राम पंचायतों को बाल विवाह रोकथाम, जनजागरूकता गतिविधियां आयोजित करने एवं शासन की योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसी क्रम में मंगलवार को ग्राम पंचायत ओडपुरा में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों, ग्रामीण पदाधिकारियों, महिलाओं एवं बच्चों ने बाल विवाह जैसी सामाजिक कुप्रथा को समाप्त करने का संकल्प लिया। सभी ने हाथ उठाकर शपथ ली कि वे न तो बाल विवाह करेंगे और न ही अपने आसपास होने देंगे।
इस अवसर पर सफल युवा मंडल के अध्यक्ष अरविंद कुशवाह ने कहा कि बाल विवाह बच्चों के भविष्य के साथ अन्याय है। शिक्षा और जागरूकता ही इस कुप्रथा को समाप्त करने का सबसे प्रभावी माध्यम है।
महिला बाल विकास अधिकारी संदीप सिंह श्रीवास्तव ने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के प्रावधानों एवं इसके दुष्परिणामों की जानकारी दी।
इसी अभियान के तहत आज दिनांक 25 फरवरी 2026 को जेब्रा पंचायत के पंचायत भवन में संगोष्ठी कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत शासन की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई तथा उनके लाभों पर विस्तृत चर्चा की गई।
संगोष्ठी में जनपद पंचायत बरई के जेब्रा पंचायत से आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका एवं बड़ी संख्या में महिलाओं ने सक्रिय सहभागिता की। उपस्थित जनसमुदाय को बालिकाओं की शिक्षा, पोषण, सुरक्षा एवं सशक्तिकरण से संबंधित योजनाओं के बारे में अवगत कराया गया तथा समाज से बाल विवाह जैसी कुरीति को समाप्त करने की अपील की गई।
कार्यक्रमों का समापन बाल विवाह न करने एवं बालिकाओं को शिक्षा के माध्यम से सशक्त बनाने के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ।





